सिरसा। राष्ट्रीय खेल दिवस और भारतीय हॉकी के महान जादूगर मेजर ध्यानचंद की जयंती के अवसर पर सिरसा के शहीद भगत सिंह स्टेडियम में खेल उत्साह और ऊर्जा का अनूठा माहौल देखने को मिला। इस खास मौके पर खिलाड़ियों की शारीरिक और मानसिक क्षमता को निखारने के लिए विशेष ‘साइक्लोन चैलेंज एक्सरसाइज’ का आयोजन किया गया, जिसमें शहर के युवा खिलाड़ियों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया।
इस मौके पर हारे का सहारा चेरिटेबल ट्रस्ट के प्रधान मनीष सिंगला विशेष रूप से पहुंचे और कार्यक्रम की शुरुआत में महान हॉकी खिलाड़ी मेजर ध्यानचंद जी को नमन करते हुए उनकी जयंती मनाई गई। इसके पश्चात स्टेडियम से एक भव्य ‘साइक्लोन यात्रा’ का आयोजन किया गया, जिसे मनीष सिंगला ने हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।
मनीष सिंगला ने कहा कि खेल केवल पदक जीतने या प्रतिस्पर्धा तक सीमित नहीं हैं, बल्कि यह युवा जीवन में अनुशासन, कड़ी मेहनत, आत्मविश्वास और मजबूत टीम भावना पैदा करने का सबसे सशक्त माध्यम हैं। खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन करते हुए मुख्य संदेश दिया गया कि मैदान में जीत और हार से ज्यादा महत्वपूर्ण यह है कि आप अपना 100% यानी सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन दें।
हार हमें सिखाती है और जीत हमें आगे बढ़ने का हौसला देती है। शहीद भगत सिंह स्टेडियम में आयोजित ‘साइक्लोन चैलेंज एक्सरसाइज’ का मुख्य उद्देश्य युवा एथलीटों की फिटनेस, गति, सहनशक्ति और मानसिक मजबूती को बढ़ाना रहा। विभिन्न खेल विधाओं से जुड़े खिलाड़ियों ने इस चैलेंज में अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया। कार्यक्रम के सफल और सुचारू संचालन के लिए आयोजकों द्वारा जिले के प्रमुख प्रशासनिक अधिकारियों और खेल कोचों के प्रति विशेष आभार व्यक्त किया गया।
मनीष सिंगला के साथ सिरसा तहसीलदार प्रदीप अहलावत व डीएसओ सुनील कुमार का विशेष रूप से धन्यवाद किया गया। हॉकी कोच सुरेंद्रजीत, बास्केटबॉल कोच खजान, वॉलीबॉल कोच संदीप व रंजीत, क्रिकेट कोच शंकर और एथलेटिक्स कोच प्रियंका का दिल से आभार प्रकट किया गया। कार्यक्रम का समापन पूरे स्टेडियम में गूंजते “खेलेगा भारत, जीतेगा भारत” के ओजस्वी नारों के साथ हुआ, जिसने युवा खिलाड़ियों में देश और खेल के प्रति एक नया जुनून भर दिया।
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