सिरसा। बिजली सप्लाई लेने के बाद बिल अदा न करने वाले उपभोक्ताओं की लिस्ट लगातार लंबी होती जा रही है। जिले में एक लाख 39 हजार 353 उपभोक्ताओं को निगम ने डिफाल्टर घोषित किया है। जिनपर 106 करोड़ का बिजली बिल बकाया है। निगम ने अब बकाया राशि की वसूली के लिए सख्त अभियान शुरू करने का फैसला लिया है, जिसके तहत बकायेदारों के बिजली कनेक्शन काटे जाएंगे। जिले में करीब चार लाख बिजली उपभोक्ता है। 32 हजार 621 उपभोक्ताओं के बिजली कनेक्शन भी काटे गए है जिनका 52 करोड़ 83 लाख का बिल पेंडिंग था।
बिजली महकमे के अधिकारियों के अनुसार तरक़ीबन 600 उपभोक्ताओं से बिल की पेमेंट की रिकवरी हो चुकी है अब 32 हजार 21 उपभोक्ताओं का बिल पेंडिंग है जिनका कनेक्शन कट चुका है लगातार महकमा अपनी रिकवरी कर रहा है। बिजली महकमा अब डिफॉल्टेर उपभोक्ताओं के खिलाफ कार्रवाई की तैयारी में जुट गया है।
डिफॉल्टेर की लिस्ट में केवल प्राइवेट लोग ही शामिल नहीं है बल्कि सरकारी महकमे भी शामिल है जिनपर भी करोड़ों रुपए का बिल काफी समय से पेंडिंग है। हालांकि बिजली महकमा सरकारी दफ्तरों से बिल की रिकवरी के लिए नरम स्वभाव ही दिखा रहा है जबकि प्राइवेट उपभोक्ताओं को जल्द से जल्द बिल नहीं भरने की सूरत में कनेक्शन काटने की चेतावनी भी दे रहा है।
बिजली निगम के एसई आशुतोष कुमार ने मीडिया से बातचीत में बताया कि सरकारी महकमों में 1268 उपभोक्ता ऐसे है जो डिफॉल्टर हो चुके है जिनका 26 करोड़ का बिल बकाया है। चेतावनी और नोटिस देने के बाद भी उपभोक्ताओं की तरफ से बिजली बिल अदा नहीं किया गया है। निगम के आंकड़ों के मुताबिक, केवल आम उपभोक्ता ही नहीं बल्कि सरकारी विभाग भी बिजली बिल चुकाने में पीछे हैं। बिजली बिल की रिकवरी को लेकर निगम की तरफ से अब बड़े स्तर पर अभियान चलाया जाएगा।
निगम अधिकारियों का कहना है कि उपभोक्ताओं से भी बार-बार बिजली बिल अदा करने के लिए अपील की जा रही थी लेकिन उपभोक्ताओं ने बिल नहीं भरा है। निगम के अधिकारी ने साफ़ तौर पर प्राइवेट डिफॉल्टेर उपभोक्ताओं को सख्त चेतावनी दी है कि अगर जल्द बिल नहीं भरा गया तो इस हफ्ते से ही कनेक्शन काटने शुरू कर देंगे।
इसके साथ ही महकमे ने आम उपभोक्ताओं से अपील भी है कि अगर आप नियमित तौर पर बिल भरते है तो सरकार की और से ऐसे उपभोक्ताओं को बिल में 5 प्रतिशत विशेष छूट भी दी जाती है। सरकारी विभाग के अधिकारियों को बिजली बिल अदा करने के लिए निगम कई बार नोटिस जारी कर चुका है। लेकिन विभागों की कनेक्शनों पर 26 करोड़ बकाया अभी है। लेकिन उक्त विभाग की तरफ से बिल अभी तक अदा नहीं किया गया है।








