हरियाणा में इनेलो चीफ नफे सिंह राठी हत्याकांड में गैंगस्टर का नाम आया सामने, खुद पोस्ट कर ली जिम्मेदारी

 
हरियाणा में इनेलो चीफ नफे सिंह राठी हत्याकांड में गैंगस्टर का नाम आया सामने, खुद पोस्ट कर ली जिम्मेदारी

हरियाणा के इंडियन नेशनल लोक दल (आईएनएलडी) नेता नफे सिंह राठी की हत्या की जिम्मेदारी लंदन में बैठे गैंगस्टर कपिल सांगवान उर्फ नंदू ने ली है। उसने सोशल मीडिया पर कहा कि उसने ही नफे सिंह को मरवाया है। 

कपिल ने कहा कि नफे सिंह की गैंगस्टर मंजीत महल से गहरी दोस्ती थी। नफे सिंह मनजीत महल के भाई संजय के साथ प्रॉपर्टी कब्जा करने का काम करता था। उसने कहा कि जो मेरे दुश्मन से हाथ मिलाएगा, उसका अंजाम यही होगा। 

बता दें कि हरियाणा में रविवार को अज्ञात हमलावरों ने 68 वर्षीय पूर्व विधायक और आईएनएलडी नेता नफे सिंह राठी सहित उनके एक समर्थक की गोली मार कर हत्या कर दी थी। 

उन्होंने अपने पोस्ट में कहा कि मेरे जीजा और मेरे दोस्तों के मर्डर में राठी ने मंजीत महल को सपोर्ट किया था। इनकी दोस्ती का मैं साथ में फोटो डाल रहा हूं। जो मेरे दुश्मनों को सपोर्ट करेगा, मैं उसके दुश्मनों को सपोर्ट करूंगा और पूरी 50 गोलियां उसका इंतजार करेगी।

उन्होंने कहा कि नफे सिंह ने पावर में रहकर जितने लोगों की जमीन कब्जा की और हत्या की पूरे बहादुरगढ़ को पता है, लेकिन कोई कुछ नहीं भूल पाया। उसने कहा कि अगर पुलिस मेरे जीजा और मेरे दोस्तों के मर्डर पर इतनी एक्टिव होती तो मुझे ये करने की जरूरत नहीं होती। दूसरी ओर, पुलिस इस पोस्ट की जांच कर रही है। 

हमलावरों ने करीब 50 राउंड फायरिंग की
नफे सिंह की हत्या से सियासी बवाल मचा हुआ है और राज्य की कानून व्यवस्था पर सवाल उठ रहे हैं। हमलावरों ने करीब 50 राउंड फायरिंग की और हमले में नफे सिंह और उनके एक सुरक्षाकर्मी की मौत हो गई जबकि 3 निजी सुरक्षागार्डों को भी आई चोटें आई। नफे सिंह पर गोलियां बरसाने वाले हमलावरों का सीसीटीवी फुटेज भी सामने आया है। कार में पांच लोग सवार थे जिसमें से दो हमलावरों की तस्वीरें दिख रही हैं। 

कौन है गैंगस्टर कपिल सांगवान? 
गैंगस्टर कपिल सांगवान पर दिल्ली में बीजेपी किसान मोर्चा के पदाधिकारी सुरेंद्र मटियाला की हत्या का इल्जाम है। पुलिस सूत्रों की मानें तो सांगवान फर्जी पासपोर्ट पर साल 2020 में ही भारत से भाग कर यूके पहुंच गया था। इसके बाद उसके खिलाफ रेड कॉर्नर नोटिस भी जारी किया गया। फिलहाल उसका केस इंटरपोल के पास है। लेकिन ये भी हकीकत है कि वो ब्रिटेन से बैठे-बैठे ही भारत में जुर्म की वारदातों को अंजाम देता रहा है।